जौनपुर में भाजपा के 1 एमएलसी- 3 विधायक और 1 बसपा विधायक ने कोरोना से बचाव के लिए दी अपनी निधि वापस मांगी
कोरोनावायरस (कोविड-19) को मात देने के लिए एक तरह जहां नेता-अभिनेता व समाजसेवी अपनी क्षमता के अनुसार दान दे रहे हैं, वहीं उत्तर प्रदेश के जौनपुर में हैरान करने वाला मामला सामने आया है।यहां भाजपा के एमएलसी सहित चार विधायकों व बसपा की एक विधायक ने सीडीओ को पत्र लिखकर निधि की धनराशि का उपयोग करने से मना कर दिया है। बता दें कि, शासन ने एक साल की विधायक निधि स्थगित कर दी है।
अस्पतालों में उपकरणों के लिए दी थी धनराशि
सदर विधायक गिरीश चंद्र यादव व एमएलसी बृजेश सिंह प्रिंसू ने सीएमएस व जिला अस्पताल को निधि का पैसा आवंटित किया था, जबकि शेष आठ विधायकों ने अपने विधानसभा क्षेत्रों में सीएचसी पर उपकरण के लिए सीएमओ को राशि दी थी। वहीं, कोरोना संकट को देखते हुए सरकार ने विधायक निधि के साथ ही विधायकों के वेतन में 30 फीसदी कटौती का फरमान जारी किया था। इस आदेश के बाद पांच जनप्रतिनिधियों ने सीडीओ को पत्र भेजकर धनराशि खर्च न करने की बात कही है।किस विधायक ने कितने दिए थे?
भाजपा एमएलसी विद्यासागर सोनकर ने एक करोड़, बदलापुर के भाजपा विधायक रमेश चंद्र मिश्रा ने 23 लाख, केराकत के भाजपा विधायक दिनेश चौधरी ने 10 लाख मुंगराबाद शाहपुर की बसपा विधायक सुषमा पटेल ने पांच लाख व जफराबाद के भाजपा विधायक डॉक्टर हरेंद्र प्रसाद सिंह ने 10 लाख रुपए दिए थे। फिलहाल सभी ने सीडीओ को पत्र भेजकर निधि की जारी धनराया के आदेश को निरस्त करने के लिए कहा है।सीडीओ बोले- वापस दी गई धनराशि
मुख्य विकास अधिकारी अनुपम शुक्ल ने बुधवार को बताया कि बदलापुर, केराकत, मुंगराबादशाहपुर व जफराबाद क्षेत्रों के विधायकों ने पत्र भेजकर निधि से दिए गए रुपए वापस मांगा था। उन्होंने बताया कि पूर्व में दी गई धनराशि को वापस कर दी हैsource https://www.bhaskar.com

No comments:
Post a Comment