तीन बरातियों को साथ लेकर अपनी दुल्हनिया से शादी रचाने पहुंचा दूल्हा,
बिना दहेज व बैंड बाजा लिए सात फेरे
कोरोनावायरस भले ही एक आपदा हो, लेकिन इससे समाज में फिजूलखर्ची पर रोक लगी है। शादी समारोहों का स्वरुप बदल गया है तो लोग सामाजिक दूरी बनाते हुए भी एक दूसरे का पहले से ज्यादा फिक्र कर रहे हैं।रविवार की रात मेरठ जिले में एक दूल्हा महज तीन बाराती लेकर अपनी ससुराल पहुंचा। जहां बिना दहेज दूल्हे ने सात फेरे लिए और अपनी दुल्हनिया को साथ लेकर गया। इस शादी में सिर्फ परिवार के लोग शामिल हुए।
ये मामला मेरठ जिले के दुल्हैड़ा चौहान गांव का है। दरअसल, लॉकडाउन के दौरान तय हुई शादी बिना बैंड बाजों व बिना दान दहेज के रीति रिवाज से हो रही है। दूल्हा चंद बरातियों को साथ लेकर ही अपनी दुल्हन को लेने के लिए पहुंच रहा है।
पहले से शादी की तारीख तय होने के कारण कुछ लोग तय समय पर ही शादी कर रहे हैं। ऐसा ही देखने को मिला रविवार को अक्षया तृतीय पर हुई एक शादी का। लॉक डाउन कारण बारात नहीं आ सकती थी, इसलिए दूल्हे ने तय किया कि वह तीन लोगों के साथ ही दुल्हन को लेने जाएगा।
रविवार को दुल्हैड़ा चौहान गांव में दतावली का रहने वाला लुक्स चौहान पुत्र पदम सिंह तीन बराती लेकर दूल्हन आंचल पुत्री वीरेंद्र चौहान के घर पहुंचा। रीति रिवाज के साथ जयमाला व फेरे की रस्म निभाई गई। जिसके बाद दुल्हन पक्ष ने दूल्हे के साथ दुल्हन को विदा कर दिया।
बिना बैंड बाजे व दान दहेज के हुई शादी की गांव में सराहना हो रही है। दुल्हन के परिजनों ने दूल्हा दुल्हन को आशीर्वाद देकर विदा किया।
source https://www.bhaskar.com
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